उत्तराखंड
धर्मनगरी हरिद्वार पूरे विश्व का आध्यात्मिक स्थान हैः पुष्कर सिंह धामी
सभी परियोजनाओं को निर्धारित समय सीमा में पूरा करने तथा गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता न करने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए हैं।

सीएम ने किया गंगा कॉरिडोर का शिलान्यास, कांवड़ मेले की भी हुई समीक्षा
बोले- कांवड़ के दौरान यहां सभी बेहतर व्यवस्थाएं की जाएंगी
गंगा कॉरिडोर के लिए 235 करोड़ की तीन अलग अलग परियोजनाओं का किया भूमि पूजन एवं शिलान्यास
हरिद्वार। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी मंगलवार को हरिद्वार दौरे पर रहे। जहां उन्होंने कई कार्यक्रमों में शिरकत की। सीएम धामी ने गंगा कॉरिडोर के लिए करीब 235 करोड़ की तीन अलग अलग परियोजनाओं का भूमि पूजन एवं शिलान्यास किया। इसके बाद उन्होंने सीसीआर भवन में कांवड़ मेले की समीक्षा बैठक ली। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को तय समय पर कांवड़ यात्रा की तैयारी करने के निर्देश दिए। बैठक में कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक, कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा, कैबिनेट मंत्री राम सिंह कैड़ा समेत कई विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। सीएम धामी ने जगजीतपुर में भाजपा द्वारा आयोजित मेंगो पार्टी और किसान संवाद में भी भाग लिया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कांवड़ मेले में शिवभक्त कांवड़ियों के स्वागत और उनकी सफल यात्रा को लेकर किए जा रहे कार्यों की समीक्षा की गई है। हरिद्वार गंगाजल लेने वाले कांवड़ियों के लिए बिजली, पानी सड़क, यातायात व्यवस्था, सुरक्षा व्यवस्था, घाटों की सफाई, शौचालय और पार्किंग की बेहतर व्यवस्थाएं की जाएंगी। इस बार कांवड़ मेले में महिलाओं के लिए अलग से शौचालय बनाए जाएंगे।
सीएम धामी ने कहा हरिद्वार के स्थानीय निवासी, साधु संत और सभी स्टेक होल्डर मिलकर शिवभक्तों का स्वागत करेंगे। उनकी यात्रा को सफल बनाएंगे। इसके साथ ही सीएम धामी ने कांवड़ियों से भी कांवड़ यात्रा के नियमों का पालन करते हुए अपनी यात्रा पूरी करने की अपील की।
सीएम धामी ने बताया हरिद्वार में गंगा कॉरिडोर के तीन प्रोजेक्ट का शिलान्यास किया गया है। हरिद्वार पूरे विश्व का आध्यात्मिक स्थान है। यहां सभी बेहतर व्यवस्थाएं की जाएंगी। गंगा कॉरिडोर बनने के बाद हरिद्वार में रोजगार और पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। निश्चित रूप से आने वाले श्रद्धालुओं के साथ ही स्थानीय लोगों को भी गंगा कॉरिडोर से लाभ मिलने वाला है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि माँ गंगा की असीम कृपा और संत समाज के आशीर्वाद से प्रारंभ हुई ये परियोजनाएं हरिद्वार को विश्वस्तरीय आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक नगरी के रूप में विकसित करने के व्यापक विजन का हिस्सा हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार केवल शिलान्यास करने में नहीं, बल्कि समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और पारदर्शी ढंग से परियोजनाओं को पूर्ण कर जनता को समर्पित करने की कार्यसंस्कृति पर विश्वास करती है। सभी परियोजनाओं को निर्धारित समय सीमा में पूरा करने तथा गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता न करने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए हैं।
गौर हो कि उत्तराखंड निवेश एवं आधारित संरचना बोर्ड के द्वारा हरिद्वार में कराए जाने वाले करीब 235 करोड़ के विकास कार्यों का भूमि पूजन और शिलान्यास किया जाएगा। कई चरणों में यह कार्य होगा। रोडीबेलवाला क्षेत्र का सौंदर्यीकरण के कार्य की अनुमानित लागत 58.84 करोड़। हरकी पैड़ी के सौंदर्यीकरण के लिए 66.76 करोड़, उत्तरी हरकी पौड़ी के लिए 66.34 करोड़ और प्रशासनिक मार्ग कॉरिडोर विकास कार्य 43.25 करोड़ से होगा।
विभिन्न धार्मिक एवं सांस्कृतिक स्थलों का सुनियोजित विकास किया जा रहा
हरिद्वार। गंगा कॉरिडोर से जुड़ी 235 करोड़ रुपये से अधिक लागत की तीन महत्वपूर्ण विकास परियोजनाओं का भूमि पूजन कर शिलान्यास किया। ये परियोजनाएँ हरिद्वार के समग्र विकास को नई गति देने के साथ-साथ आगामी कुंभ मेला-2027 एवं कांवड़ मेले के सुव्यवस्थित, सुरक्षित और सफल आयोजन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कुशल नेतृत्व एवं मार्गदर्शन में हमारी सरकार ‘विकास और विरासत’ को साथ लेकर आगे बढ़ रही है। इसी संकल्प के अनुरूप प्रदेश में केदारखंड, मानसखंड, गोल्ज्यू कॉरिडोर, विवेकानंद कॉरिडोर, हरिपुर तथा देहरादून में यमुना तीर्थ सहित विभिन्न धार्मिक एवं सांस्कृतिक स्थलों का सुनियोजित विकास किया जा रहा है। इन प्रयासों से तीर्थयात्रियों को बेहतर, सुरक्षित एवं सुगम सुविधाएँ उपलब्ध हो रही हैं तथा स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और आजीविका के नए अवसर भी सृजित हो रहे हैं।



