वीकेंड पर नैनीताल में यातायात व्यवस्था चरमराई
नैनी झील में नौकायन करने वाले पर्यटकों का ताता लगा हुआ है। पर्यटन कारोबारियों का कहना है कि मानसून के जोर पकड़ते ही कारोबार में गिरावट आने लगेगी।

नैनीताल। मानसून आने के बाद भी सरोवर नगरी में पर्यटकों की बड़ी तादाद में आमद बनी हुई है। शहर में वीकेंड पर पर्यटकों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। जिससे शहर की यातायात व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गयी। मालरोड, तल्लीताल डांठ, हाईकोर्ट मार्ग में जाम लगने से वाहनों की लंबी कतार लगी रही। जिसमें फंसे पर्यटकों और स्थानीय लोगों को घंटों फजीहत झेलनी पड़ी।
बता दें कि जून के अंतिम वीकेंड के बाद पर्यटन कारोबार में गिरावट आने का अंदेशा जताया जा रहा था। लेकिन जुलाई में भी पर्यटकों की बंपर आमद बनी हुई है। रविवार को पूर्व वीकेंड की तरह विशेष यातायात प्लान लागू नहीं होने से सुबह ही भारी संख्या में पर्यटक वाहन शहर पहुंचे।
पार्किंग स्थल फुल होने से सड़कों पर जाम लगने लगा। भवाली, हल्द्वानी प्रवेश मार्ग के साथ ही तल्लीताल डांठ, मालरोड, मल्लीताल रिक्शा स्टैंड, हाईकोर्ट मार्ग में वाहनों की कतार लगी रही। इस बीच रैमजे अस्पताल को जा रही एम्बुलेंस भी फंस गई। जिसे खुलवाने में पुलिस को भी कड़ी मशक्कत करनी पड़ी।इधर शहर पहुंचे पर्यटकों से चिड़ियाघर, स्नोव्यू, केव गार्डन, वाटर फॉल, बॉटनिकल गार्डन समेत अन्य पर्यटन स्थलों में खासी चहल-पहल बनी हुई है। नैनी झील में नौकायन करने वाले पर्यटकों का ताता लगा हुआ है। पर्यटन कारोबारियों का कहना है कि मानसून के जोर पकड़ते ही कारोबार में गिरावट आने लगेगी।
करंट की चपेट में आने से पुजारी की मौत
हल्द्वानी। बनभूलपुरा क्षेत्र में शिव पुराण कथा के दौरान कूलर में उतरे करंट की चपेट में आने से एक पुजारी की मौत हो गई। पुलिस ने शव का पंचायतनामा भरकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार डायल-112 के माध्यम से सूचना मिली कि करंट लगने से एक व्यक्ति की मृत्यु हो गई है। जांच में पता चला कि श्रीपुरम कालोनी, तल्ली हल्द्वानी निवासी 35 वर्षीय भुवन चंद्र पंत पुरोहित थे। शनिवार को वह गौजाजाली उत्तर आंवला चैकी रोड स्थित दुर्गा कालोनी निवासी जय दत्त भट्ट के घर शिव पुराण कथा में गए थे। इसी दौरान कूलर में करंट उतरने से वह उसकी चपेट में आ गए और मौके पर ही अचेत हो गए। स्वजन उन्हें हल्द्वानी के एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।भुवन घर इकलौता चिराग थे और पिता की मौत के बाद घर में मां व बहन की देख-रेख वही करते थे। भुवन की शादी नहीं हुई थी। बेटे की मौत से घर में मातम पसर गया है।वहीं, सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और पंचायतनामा की कार्रवाई पूरी की। कोतवाल विजय मेहता ने बताया मामले की जांच की जा रही है।



