उत्तराखंड

हरिद्वार के लालढांग क्षेत्र में भालू दिखने से दहशत में लोग

अभी कुछ दिन पहले पीली पड़ाव गांव में मधु मक्खियां की पेटियों के आसपास भालू को देखा गया था।

आबादी इलाके में भागता दिखाई दिया भालू
हरिद्वार। लालढांग क्षेत्र में गुलदार और हाथियों के बाद अब जंगली भालू दहशत फैला रहे हैं। राजाजी टाइगर रिजर्व की रवासन यूनिट से सटे गांव रसूलपुर के पास दिन दहाड़े भालू देखा गया है। आबादी के नजदीक की भालू की दस्तक से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही राजाजी टाइगर रिजर्व की रवासन यूनिट की टीम मौके पर पहुंची और भालू को दूर जंगल में खदेड़ा गया। लोग पहले से ही गुलदार और हाथियों की दहशत में रहते हैं और अब भालू ने उनकी चिंता बढ़ा दी है। कुछ दिन पहले भी लालढांग के ही पीली पड़ाव गांव के पास भी भालू नजर आया था।
लालढांग क्षेत्र चारों ओर से जंगल से घिरा होने के कारण गुलदार, हाथी और अन्य जंगली जानवरों का आबादी क्षेत्र में आवाजाही लगी रहती है। रविवार को शाम को चार बजे के लगभग राजाजी टाइगर की रवासन चौकी से कुछ दूरी पर ग्रामीण नवीन चमोली के घर के पास भालू दिखाई दिया। भालू दिखाई देने से ग्रामीण दहशत में आ गए। हालांकि कुछ ग्रामीणों ने भालू को आबादी के पास घूमते देख मोबाइल से वीडियो बना लिया। सोशल मीडिया पर भालू का वीडियो वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में भालू भागता हुआ नजर आ रहा है और गांव के कुत्ते भी उसे देखकर लगातार भौंक रहे हैं।
गांव में भालू आने की सूचना राजाजी टाइगर रिजर्व के अधिकारियों को दी गई। सूचना मिलते ही रवासन यूनिट के रेंजर दीपक रावत तत्काल टीम लेकर मौके पर पहुंचे। टीम ने भालू को काफी मशक्कत के बाद राजाजी के जंगल की ओर खदेड़ दिया। रेंजर दीपक रावत ने बताया कि राजाजी टाइगर रिजर्व के सीमा से सटे रसूलपुर गांव की ओर घूमता हुआ भालू दिखाई दिया था। शायद वो पीली पड़ाव गांव की ओर से मधु मक्खी पालन की पेटी तलाशता हुआ आया हो। अभी कुछ दिन पहले पीली पड़ाव गांव में मधु मक्खियां की पेटियों के आसपास भालू को देखा गया था।
फिलहाल टीम ने भालू को जंगल की ओर खदेड़ दिया है। उसके मूवमेंट पर नजर रखी जा रही है और गश्त भी बढ़ा दी गई है। गौर हो कि हाथी ओर गुलदार के आबादी में आने से तो ग्रामीण परेशान थे ही लेकिन पिछले कुछ दिनों से भालू की दस्तक भी आबादी क्षेत्र ने होने लगी हैं। पिछले कुछ दिन पहले पीली पड़ाव गांव में भालू दिखाई दिया था। क्योंकि भालू मधुमक्खियों के शहद से आकर्षित होता है और एक ग्रामीण ने खेत में मधुमक्खी का पालन किया है। अधिकारियों के मुताबिक उसी की तलाश में भालू आबादी के पास दिखाई दिया था। अभी तक हरिद्वार में भालू दिखने के मामले सामने नहीं आते थे। भालू के आने की घटनाएं केवल पहाड़ी क्षेत्र में ही हो रही थी लेकिन अब हरिद्वार जैसे निचले इलाके में भी भालू दिखाई दे रहे हैं और जो चिंता का सबब बन गया है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button